इलाहाबाद हाईकोर्ट ने गैंगस्टर एक्ट से जुड़े मामले में मुख्तार अंसारी के बेटे उमर अंसारी की जमानत अर्जी मंजूर कर ली है। जस्टिस डॉ. गौतम चौधरी की सिंगल बेंच ने यह आदेश सुनाया। इसके साथ ही अब उमर अंसारी जेल से बाहर आ सकेंगे। गाजीपुर की निचली अदालत से जमानत खारिज होने के बाद उमर अंसारी ने हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया था। उनके पक्ष में अधिवक्ता उपेंद्र उपाध्याय ने पैरवी की।
क्या है मामला?
- उमर अंसारी पर आरोप है कि उन्होंने गैंगस्टर एक्ट के तहत जब्त संपत्ति छुड़ाने के लिए अपनी मां अफ्सा अंसारी के फर्जी हस्ताक्षर और दस्तावेजों का इस्तेमाल किया।
- इस मामले में गाजीपुर के मोहम्मदाबाद थाने में एफआईआर दर्ज हुई थी।
- हाल ही में पुलिस ने उन्हें लखनऊ से गिरफ्तार कर जेल भेजा था।
हाईकोर्ट ने मामले की सुनवाई के दौरान उमर अंसारी की दलीलें मानते हुए उन्हें मुकदमा लंबित रहने तक जमानत पर रिहा करने का आदेश दिया।
