महमूदाबाद के प्राथमिक विद्यालय नदवा में बृहस्पतिवार सुबह भाजपा विधायक आशा मौर्य पहुंची। उन्होंने अपने सुरक्षाकर्मियों से ईंट से क्लास का ताला तोड़वाया और बच्चों से पढ़ने के लिए कहा। इसके बावजूद बच्चों ने पढ़ाई से इंकार कर दिया। विधायक आशा मौर्य ने कहा कि प्रधानाध्यापक की शिकायतें सही तरीके से रखी जानी चाहिए थीं। सीसीटीवी फुटेज में दिख रहा है कि प्रधानाध्यापक ने बेल्ट से पिटाई की, जो गलत है।
सीतापुर सांसद राकेश राठौर ने इस घटना को दुर्भाग्यपूर्ण बताया। उन्होंने कहा कि शिक्षा के मंदिर में इस तरह की घटनाएं निंदनीय हैं, लेकिन यह भी समझना जरूरी है कि शिक्षक इतना आक्रोशित क्यों हुआ। राठौर ने जानकारी दी कि शिक्षक के खिलाफ भी एफआईआर दर्ज की गई है। उन्होंने कहा कि बीएसए इस मामले में राजनीति कर रहे हैं और वे दिल्ली जाकर रणनीति बनाकर कार्रवाई करेंगे।
प्रधानाध्यापक बृजेन्द्र वर्मा के परिवार ने भी अपनी प्रतिक्रिया दी। उनकी पत्नी सीमा वर्मा ने आरोप लगाया कि उनके पति को एक शिक्षिका की अटेंडेंस भरने के लिए बाध्य किया जाता था। तीन साल का कार्य विवरण देने के बाद बीएसए ने दस साल का ब्यौरा मांगा और जब वह भी दे दिया गया, तब दबाव बनाने के लिए कार्यालय बुलाया गया। वहां कहासुनी हुई और गुस्से में उनके पति ने बीएसए को पीटा।
