
जम्मू-कश्मीर में पिछले कुछ दिनों से हो रही मूसलाधार बारिश से भयानक तबाही मची है। राज्य के कई जिले बाढ़ की चपेट में हैं तो लैंडस्लाइड और बादल फटने जैसी घटनाओं में कइयों की जान चली गई है। वहीं वैष्णो देवी तीर्थयात्रा मार्ग पर हुए लैंडस्लाइड में मरने वाले श्रद्धालुओं की संख्या लगातार बढ़ती जा रही है। हादसा मंगलवार दोपहर करीब 3 बजे हुआ जहां वैष्णो देवी रूट पर श्रद्धालुओं की भारी भीड़ थी तभी अचानक अर्धकुंवारी के पास पहाड़ी से मलबा और बड़े.बड़े पत्थर गिरने लगे जिससे श्रद्धालुओं में अफरा-तफरी मच गई। कई श्रद्धालु पत्थर के नीचे दब गए जिससे उनकी मौत हो गई। वहीं पिछले 24 घंटों में जम्मू में 41 लोगों की जान जा चुकी है। वैष्णो देवी यात्रा मार्ग पर फिलहाल हालात गंभीर हैं ऐसे में यात्रा स्थगित कर दी गई है। सेना और ब्त्च्थ् के जवान रेस्क्यू ऑपरेशन में जुटे हैं। भारी बारिश को देखते हुए सभी स्कूल अगले आदेश तक बंद रखे गए हैं। जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री ने उमर अब्दुल्ला ने हादसे में जान गंवाने वाले लोगों के परिजनों को 6 लाख रुपयेए गंभीर रूप से घायलों को 1 लाख रुपये और मामूली रूप से घायल लोगों को 50 हजार रुपये देने का ऐलान किया है। जम्मू में पिछले कई घंटे से भारी बारिश हो रही है जिसके चलते झेलम नदी के साथ-साथ चिनाब और तवी नदियां उफान पर हैं।
झेलम नदी का वॉटर लेवल खतरे के निशान से ऊपर होने की वजह से दक्षिण कश्मीर में बाढ़ का अलर्ट जारी किया गया है।
इसके अलावा जम्मू शहर, सांबा, अखनूर, नगरोटा, कठुआए उधमपुर समेत कई इलाके बुरी तरह प्रभावित हैं।
राहत बचाव में जुटी एजेंसियों ने अभी तक जम्मू में 35 सौ से ज्यादा लोगों को सुरक्षित जगहों पर पहुंचाया है।
पूरे जिले में बचाव शिविर और रिलीफ कैंप बनाए गए हैं।
