ताइवान में टाइफून रागासा ने भारी तबाही मचाई है। पूर्वी ताइवान के हुआलिएन काउंटी में भूस्खलन से बनी झील उफान पर आ गई, जिसके बाद आई बाढ़ में कम से कम 14 लोगों की मौत हो गई और 124 लोग लापता हैं। यह घटना मंगलवार को हुई, जब लगातार भारी बारिश के बाद झील का बांध टूट गया और गुआंगफू बस्ती पानी में डूब गई। सरकारी आंकड़ों के अनुसार, हुआलिएन काउंटी के 8,500 निवासियों में से करीब 60% लोग अपने घरों की ऊपरी मंजिलों पर शरण लिए हुए हैं, जबकि बाकी रिश्तेदारों के यहां चले गए हैं। बताया जा रहा है कि झील में मौजूद करीब 9 करोड़ टन पानी में से 6 करोड़ टन पानी बाहर निकल गया।
फायर सर्विस विभाग के मुताबिक, सबसे ज्यादा नुकसान हुआलिएन काउंटी में हुआ है। उल्लेखनीय है कि साल 2009 में आए मोराकोट तूफान ने ताइवान में लगभग 700 लोगों की जान ले ली थी और करीब 3 अरब डॉलर का नुकसान हुआ था। अब यह सुपर टाइफून दक्षिणी चीन और हांगकांग की ओर बढ़ रहा है। अकेले हुआलिएन में ही लगभग 70 सेमी (28 इंच) बारिश दर्ज की गई है। हांगकांग में लोग समुद्र की 2–3 मीटर ऊंची लहरें देखने के लिए तट पर पहुंचे, हालांकि अधिकारियों ने एक बच्चे समेत तीन लोगों को डूबने से बचाया।
रागासा की रफ्तार लगभग 195 किमी प्रति घंटा (120 मील प्रति घंटा) तक पहुंच गई है। चीन के ग्वांगडोंग प्रांत में 10 लाख से ज्यादा लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया गया है। राष्ट्रीय मौसम विभाग ने चेतावनी जारी करते हुए कहा है कि बुधवार दोपहर से शाम के बीच तूफान ग्वांगडोंग के ताइशान और झानजियांग शहरों के बीच टकरा सकता है। ग्वांगडोंग और पड़ोसी फुजियान प्रांत में भारी बारिश की आशंका जताई गई है।
